बाल्टिस्तान में चीनी इस प्रोजैक्ट का विरोध, सड़कों पर उतरे लोग

इस्लामाबाद। गिलगित-बाल्टिस्तान में लोगों ने चीन और उसके सबसे महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट्स में से एक CPEC का जोरदार विरोध किया है। गिलगित बाल्टिस्तान कश्मीर का हिस्सा है और इसपर पाक जबरन कब्जा जमाए बैठा है। ये हिस्सा POK में आता है।

चीन का CPEC प्रोजैक्ट पीओके से होकर गुजरता है, इसीलिए भारत इसका विरोध कर रहा है। चीन POK में अवैध तरीके से निर्माण कार्यों में लगा हुआ है।

गिलगित-बाल्टिस्तान में इसके खिलाफ सड़कों पर उतरे लोगों ने चीन के प्रोजेक्ट का ये कहते हुए विरोध किया है कि सीपीईसी आर्थिक असमानता को बहुत बढ़ा देगा। इसके अलावा ये पर्यावरण पर बेहद बुरा असर डाल रहा है। लोगों का कहना है कि चीन अपने पैसों का इस्तेमाल कर प्रकृति के साथ छेड़छाड़ कर रहा है।

गौरतलब है कि चीन करीब 50 अरब डॉलर की लागत से पाकिस्तान में इकानॉमिक कॉरिडोर बना रहा है, जिसके पूरा होने के बाद चीन की ग्वादर बंदरगाह पर सीधी पकड़ होगी और वो अरब सागर में हस्तक्षेप करने तक की हैसियत में आ जाएगा। इस रूट के माध्यम से चीन की मिडिल-ईस्ट और अफ्रीकी देशों तक सीधी पहुंच हो जाएगी।

इसमें कहा गया कि ऐसे कनेक्शंस जिन्हें केवल इंटरनेट के लिए ही इस्तेमाल किया जाता है और इनमें इनकमिंग-आउटगोइंग कॉल नहीं होती, उन्हें भी यूजर्स द्वारा दिए गए दूसरे नंबर से जोड़ने की जरूरत है।

फरवरी में लोकिती फाउंडेशन द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से पूछा था कि वो एक साल के भीतर देश के सभी मोबाइल फोन यूजर्स के नंबर्स को री-वेरिफाई करे। सरकार ने कहा था कि वो इस जानकारी के लिए आधार नंबर का इस्तेमाल करेगी।

loading...